नई दिल्ली । President द्रौपदी मुर्मु ने सोमवार को पूर्वी यूरोपीय देश मोल्दोवा की अपनी ऐतिहासिक राजकीय यात्रा के दौरान आयोजित India- Moldova बिजनेस फोरम को संबोधित करते हुए मोल्दोवा के उद्योग जगत को भारत में Trade and Investment के अवसरों का लाभ उठाने के लिए आमंत्रित किया। साथ ही उन्होंने भारतीय कंपनियों को भी मोल्दोवा में अपनी उपस्थिति का विस्तार करने के लिए प्रोत्साहित किया।
मोल्दोवा की President माया सांडू के साथ बिजनेस फोरम को संबोधित करते हुए President मुर्मु ने कहा कि भारत और मोल्दोवा के बीच 1992 में राजनयिक संबंध स्थापित होने के बाद से दोनों देशों के बीच सौहार्दपूर्ण और मैत्रीपूर्ण संबंध रहे हैं, जो परस्पर सम्मान, लोकतांत्रिक मूल्यों तथा शांति, विकास और अंतरराष्ट्रीय सहयोग के प्रति साझा प्रतिबद्धता पर आधारित हैं।
भारत के दीर्घकालिक विकास दृष्टिकोण पर प्रकाश डालते हुए राष्ट्रपति ने कहा कि देश विकसित भारत 2047 के लक्ष्य की दिशा में आगे बढ़ रहा है और विश्वास तथा साझा समृद्धि पर आधारित साझेदारियों की तलाश कर रहा है।
उन्होंने कहा कि उद्यमिता, डिजिटल परिवर्तन, विनिर्माण उत्कृष्टता और युवा एवं कुशल कार्यबल के बल पर भारत विश्व की सबसे तेज़ी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में से एक बना हुआ है। वहीं उन्होंने मोल्दोवा को सुधारोन्मुखी दृष्टिकोण, रणनीतिक स्थिति, प्रतिभाशाली कार्यबल और यूरोपीय बाजारों के साथ बढ़ते एकीकरण के कारण भारतीय व्यवसायों के लिए एक आकर्षक गंतव्य बताया।
President मुर्मु ने डिजिटल प्रौद्योगिकी, कृत्रिम बुद्धिमत्ता, साइबर सुरक्षा, फिनटेक, डिजिटल सार्वजनिक अवसंरचना, अवसंरचना विकास, नवीकरणीय ऊर्जा, उन्नत विनिर्माण, कृषि, खाद्य प्रसंस्करण, औषधि, जैव प्रौद्योगिकी, स्वास्थ्य सेवा और लॉजिस्टिक्स सहित कई क्षेत्रों को द्विपक्षीय सहयोग की प्रबल संभावनाओं वाला बताया।
उन्होंने ऊर्जा क्षेत्र में बढ़ते सहयोग का भी उल्लेख करते हुए कहा कि एक भारतीय कंपनी किशिनाउ को रोमानिया से जोड़ने वाली उच्च वोल्टेज ट्रांसमिशन लाइन का निर्माण कर रही है। इस परियोजना से मोल्दोवा की ऊर्जा सुरक्षा और क्षेत्रीय संपर्क को मजबूती मिलने की उम्मीद है।
President ने कहा कि भारतीय कंपनियाँ मोल्दोवा की नवीकरणीय ऊर्जा परियोजनाओं, जिनमें सौर ऊर्जा, बैटरी भंडारण, स्मार्ट ग्रिड, ग्रीन हाइड्रोजन और अन्य स्वच्छ प्रौद्योगिकियाँ शामिल हैं, में भागीदारी करने की इच्छुक हैं।
मोल्दोवा के उद्योग जगत को भारत में निवेश के लिए आमंत्रित करते हुए राष्ट्रपति मुर्मु ने कहा कि सरकार पारदर्शी, पूर्वानुमेय और निवेशक-अनुकूल कारोबारी वातावरण उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने भारतीय उद्योगों से भी मोल्दोवा में उभरते अवसरों का लाभ उठाने का आह्वान किया और विश्वास व्यक्त किया कि निजी क्षेत्र की मजबूत भागीदारी दोनों देशों के बीच आर्थिक साझेदारी को और गहरा करेगी।
President ने कहा, “मैं मोल्दोवा के उद्योग जगत को भारत आने और यहाँ उपलब्ध अवसरों का लाभ उठाने के लिए आमंत्रित करती हूँ।” उन्होंने कहा कि भारतीय उद्यमों की “उद्यमशीलता, दूरदृष्टि और प्रतिबद्धता स्थायी आर्थिक साझेदारियों के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।”
बिजनेस फोरम के परिणामों पर आशावाद व्यक्त करते हुए President मुर्मु ने कहा कि इस दौरान हुई चर्चाएँ नई साझेदारियों और नवोन्मेषी सहयोग का मार्ग प्रशस्त करेंगी तथा भारत-मोल्दोवा आर्थिक सहयोग को नई ऊँचाइयों तक ले जाएँगी।
इस बिजनेस फोरम में कृषि एवं खाद्य प्रसंस्करण, सूचना प्रौद्योगिकी, औषधि, स्वास्थ्य सेवा, नवीकरणीय ऊर्जा, शिक्षा, लॉजिस्टिक्स और डिजिटल प्रौद्योगिकी जैसे क्षेत्रों से दोनों देशों के प्रमुख उद्योग प्रतिनिधियों ने भाग लिया।
यह कार्यक्रम किसी भारतीय President की मोल्दोवा की पहली ऐतिहासिक राजकीय यात्रा का हिस्सा था, जो इस देश के साथ राजनीतिक, आर्थिक, सांस्कृतिक और जन-से-जन संबंधों को मजबूत करने के प्रति भारत की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। President मुर्मु के साथ एक उच्चस्तरीय व्यापारिक प्रतिनिधिमंडल भी मौजूद था, जो मोल्दोवा की आर्थिक संभावनाओं के प्रति भारतीय उद्योग जगत के बढ़ते विश्वास और दीर्घकालिक साझेदारियाँ विकसित करने की उसकी प्रतिबद्धता को रेखांकित करता है।
(Input from DD News)
Comments ( 0)
Leave a Comment
No comments yet. Be the first to comment!